बाराबंकी। तकनीक और भौतिकता की तेज रफ्तार में जहां जीवन लगातार बदल रहा है, वहीं महात्मा गांधी के सत्य, अहिंसा, सद्भाव और मानवीय मूल्यों की प्रासंगिकता आज भी कायम है। गांधी जयंती सप्ताह के तहत आयोजित भाषण प्रतियोगिता में स्कूली बच्चों ने अपनी ओजस्वी वाणी और प्रभावशाली तर्कों के माध्यम से गांधी के विचारों को नई पीढ़ी के सामने जीवंत कर दिया।
गांधी जयंती समारोह ट्रस्ट की ओर से आयोजित सप्ताहव्यापी कार्यक्रम के चौथे दिन हुई भाषण प्रतियोगिता में विभिन्न विद्यालयों के करीब 38 छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। जूनियर वर्ग के बच्चों के लिए ‘गांधी आज हमारे जीवन में’ तथा सीनियर वर्ग के लिए ‘महात्मा गांधी को जैसा मैंने जाना’ विषय निर्धारित किया गया था।
प्रतियोगिता के दौरान बच्चों ने कहा कि गांधी के विचार केवल पाठ्यपुस्तकों में पढ़ने तक सीमित नहीं हैं, बल्कि उन्हें अपने आचरण और दैनिक जीवन में उतारना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है। सत्य बोलना, अहिंसा के मार्ग पर चलना, दूसरों का सम्मान करना, अन्याय के खिलाफ आवाज उठाना और मतभेदों को संवाद एवं शांति के माध्यम से सुलझाना गांधी के विचारों की वास्तविक शक्ति है।
जूनियर वर्ग में गौरी अव्वल
जूनियर वर्ग में पायनियर मांटेसरी स्कूल की छात्रा गौरी ने प्रथम स्थान हासिल किया। जमील उर रहमान किदवई इस्लामिया गर्ल्स कॉलेज की तमन्ना द्वितीय तथा सोनम तृतीय स्थान पर रहीं। अन्य प्रतिभागियों को प्रोत्साहन पुरस्कार के लिए चयनित किया गया।
सीनियर वर्ग में मोहिनी गोस्वामी ने जीता प्रथम स्थान
सीनियर वर्ग में जमील उर रहमान किदवई इस्लामिया गर्ल्स कॉलेज की मोहिनी गोस्वामी ने अपने प्रभावशाली वक्तव्य से प्रथम स्थान प्राप्त किया। सायमा सना ने द्वितीय तथा लक्ष्मी ने तृतीय स्थान हासिल किया।
प्रतियोगिता में श्री सांई इंटर कॉलेज, पायनियर मांटेसरी स्कूल, जमील उर रहमान किदवई इस्लामिया गर्ल्स कॉलेज, पीएम श्री राजकीय इंटर कॉलेज और ग्रीन फील्ड एकेडमी के छात्र-छात्राओं ने प्रतिभाग किया।
अनुभवी निर्णायकों ने किया मूल्यांकन
प्रतियोगिता के निर्णायक मंडल में गांधीवादी अध्येता एवं वरिष्ठ अधिवक्ता शऊर कामिल किदवई, जिला उपभोक्ता फोरम के पूर्व न्यायिक सदस्य हुमायूं नईम खान तथा वरिष्ठ पत्रकार श्रीनिवास त्रिपाठी शामिल रहे। निर्णायकों ने बच्चों के विषय ज्ञान, विचारों की स्पष्टता, प्रस्तुति, भाषा और प्रभाव के आधार पर मूल्यांकन किया।
कार्यक्रम का संचालन पाटेश्वरी प्रसाद ने किया।
‘गांधी के विचार नई पीढ़ी के लिए आज भी मार्गदर्शक’
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष रमन लाल द्विवेदी ने कहा कि बच्चों की प्रभावशाली प्रस्तुतियों ने साबित कर दिया कि गांधी के विचार आज भी नई पीढ़ी के मन-मस्तिष्क को प्रभावित कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि यदि विद्यार्थी सत्य, अहिंसा, अनुशासन, सद्भाव और मानवता को अपने जीवन का हिस्सा बना लें, तो वे न केवल जिम्मेदार और बेहतर नागरिक बनेंगे, बल्कि समाज में सकारात्मक परिवर्तन के वाहक भी बन सकते हैं।
कार्यक्रम में गांधी संदेश के पदयात्री अनिल शर्मा, विनय कुमार सिंह, शिवशंकर शुक्ला, साकेत संत मौर्य, रंजय शर्मा सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।
भाषण प्रतियोगिता में बच्चों की प्रस्तुतियों ने यह संदेश स्पष्ट कर दिया कि गांधी केवल इतिहास के पन्नों में दर्ज एक व्यक्तित्व नहीं, बल्कि सत्य, शांति और मानवीय मूल्यों की वह विचारधारा हैं, जिसकी जरूरत आज की पीढ़ी को पहले से कहीं अधिक है।
0 Comments